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क्या खान-पान पर नज़र रखते समय रेमेन खाना सही है?

रेमेन अपने आप में न तो डाइट के लिए अच्छा है, न बुरा; इसकी सामग्री और परोसने की मात्रा में काफी अंतर हो सकता है। जानें कि इसे सही तरीके से कैसे दर्ज करें और अपने लक्ष्यों के हिसाब से बाउल कैसे तैयार करें।

रेमेन सिर्फ नूडल्स नहीं, पूरा भोजन है

रेमेन के एक बाउल में आम तौर पर नूडल्स, शोरबा, तेल, मसाले और टॉपिंग होती हैं। हर चीज़ उसकी कैलोरी, प्रोटीन, फाइबर और नमक की मात्रा को प्रभावित करती है। इसलिए सिर्फ नूडल्स के बजाय पूरे बाउल का आकलन करना ज़्यादा उपयोगी है।

नूडल्स से मुख्य रूप से कार्बोहाइड्रेट मिलता है, जबकि मिलाया गया तेल और ज़्यादा वसा वाली टॉपिंग कैलोरी का बड़ा हिस्सा दे सकती हैं। मीट, अंडे, टोफू और ऐसी ही टॉपिंग से प्रोटीन मिलता है, और सब्ज़ियों से फाइबर और भोजन की मात्रा बढ़ सकती है। आखिर में संतुलन रेसिपी और परोसने की मात्रा पर निर्भर करता है, मेन्यू में लिखे “रेमेन” शब्द पर नहीं।

  • नूडल्स: मुख्य रूप से कार्बोहाइड्रेट; इसकी मात्रा परोसे गए हिस्से पर निर्भर करती है
  • शोरबा: इसमें तेल, मसाले और तरल में मिलाई गई सामग्री हो सकती है
  • प्रोटीन वाली टॉपिंग: अंडे, चिकन, पोर्क, टोफू या सीफूड
  • सब्ज़ियाँ: मशरूम, पत्तागोभी, हरी पत्तेदार सब्ज़ियाँ, स्वीट कॉर्न या अंकुरित मूंग

रेमेन की मात्रा का हिसाब रखना मुश्किल क्यों है

रेस्तरां के रेमेन का हिसाब रखना मुश्किल हो सकता है, क्योंकि आपको पता नहीं होता कि उसमें कितना तेल, नूडल्स या मसाला इस्तेमाल हुआ है। देखने में एक जैसे बाउल की रेसिपी काफी अलग हो सकती हैं। इसलिए किसी सामान्य डेटाबेस में दी गई जानकारी सिर्फ एक अनुमान होती है, जब तक कि रेस्तरां अपनी पोषण संबंधी जानकारी न दे।

घर पर बनाए गए बाउल के लिए, सभी सामग्री मिलाने से पहले हर चीज़ का हिसाब अलग-अलग रखें। पैकेट वाले रेमेन का हिसाब रखना आसान है, क्योंकि शुरुआत पैकेट पर दी गई जानकारी से की जा सकती है। लेकिन देखें कि ये आंकड़े सूखे प्रोडक्ट, तैयार प्रोडक्ट या पैकेट के सिर्फ किसी हिस्से के लिए हैं। मिलाया गया तेल, अंडा, मीट या दूसरी अतिरिक्त चीज़ें भी शामिल करें।

  • रेस्तरां की अपनी पोषण संबंधी जानकारी उपलब्ध हो, तो उसी का इस्तेमाल करें
  • रेसिपी पता न हो, तो डेटाबेस में सबसे मिलता-जुलता विकल्प चुनें
  • घर पर नूडल्स, शोरबे की सामग्री और टॉपिंग का हिसाब अलग-अलग रखें
  • बार-बार जल्दी हिसाब रखने के लिए अपनी आम घरेलू रेसिपी सेव कर लें

प्रोटीन और सब्ज़ियों से बाउल ज़्यादा पेट भरता है

सादे नूडल्स और शोरबे में प्रोटीन, फाइबर या सब्ज़ियों की मात्रा कम हो सकती है। प्रोटीन का कोई साफ़ स्रोत और भरपूर सब्ज़ियाँ मिलाने से भोजन ज़्यादा संतुलित बनता है। इससे सिर्फ और नूडल्स मिलाए बिना बाउल में टेक्सचर और विविधता भी आती है।

अपनी पसंद और दिन के बाकी खान-पान के हिसाब से टॉपिंग चुनें। कम वसा वाला मीट, अंडे, टोफू और सीफूड, सभी अच्छे विकल्प हो सकते हैं; वहीं पत्तागोभी, मशरूम, पालक और अंकुरित मूंग खाने की मात्रा बढ़ाते हैं। सॉस और खाना पकाने का तेल भी हिसाब में आते हैं, भले ही टॉपिंग खुद हल्की लगे।

  • प्रोटीन के लिए टोफू, अंडा, चिकन या सीफूड मिलाएँ
  • हरी पत्तेदार सब्ज़ियों के लिए पत्तागोभी, पालक या पाक चोय इस्तेमाल करें
  • अतिरिक्त टेक्सचर के लिए मशरूम या अंकुरित मूंग डालें
  • घर पर हिसाब रखते समय स्वाद वाला तेल और गाढ़ी सॉस नापकर डालें

शोरबे से कुल मात्रा बदल सकती है

रेमेन का शोरबा हल्का और साफ़ भी हो सकता है, और गाढ़ा, क्रीमी तथा तेल से भरपूर भी। गाढ़े शोरबे में वसा ज़्यादा हो सकती है, जबकि किसी भी तरह के शोरबे में नमक की मात्रा काफी हो सकती है। कुछ शोरबा छोड़ देने से आपके सेवन की मात्रा कम हो सकती है, हालांकि इससे दर्ज किया गया हिसाब बिल्कुल सटीक नहीं हो जाता।

घर पर शोरबे का आधार और मिलाए गए तेल पर आपका ज़्यादा नियंत्रण रहता है। लहसुन, अदरक, हरा प्याज़, मिर्च, मशरूम या नापकर डाले गए मसालों से स्वाद बढ़ा सकते हैं। और नमकीन सॉस या मसाले के पैकेट डालने से पहले तैयार शोरबे को चखें।

  • लक्ष्य के हिसाब से बेहतर हो, तो हल्का शोरबा चुनें
  • तेल सीधे पैन में डालने के बजाय नापकर इस्तेमाल करें
  • स्वाद बढ़ाने के लिए खुशबूदार सब्ज़ियाँ और मसाले इस्तेमाल करें
  • जितना मसाला या सॉस सचमुच इस्तेमाल करते हैं, उसका हिसाब रखें

कुछ बदलावों के साथ इंस्टेंट रेमेन भी खा सकते हैं

इंस्टेंट रेमेन सुविधाजनक है, लेकिन आम पैकेट में ज़्यादातर नूडल्स, तेल और मसाले होते हैं। अपने आप में इससे प्रोटीन, फाइबर या अलग-अलग सब्ज़ियाँ ज़्यादा नहीं मिल सकतीं। इसे पूरा बाउल मानने के बजाय आधार की तरह इस्तेमाल करने से भोजन का संतुलन बेहतर करना आसान होता है।

हिसाब की शुरुआत पैकेट पर दी गई जानकारी से करें और हर टॉपिंग अलग से जोड़ें। अगर आप हल्का या कम नमकीन बाउल पसंद करते हैं, तो मसाले कम इस्तेमाल कर सकते हैं, लेकिन नूडल्स की कैलोरी उतनी ही रहती है। अगर नूडल्स के ब्लॉक का सिर्फ कुछ हिस्सा इस्तेमाल करते हैं, तो पूरा पैकेट मानने के बजाय तैयार की गई मात्रा का अनुपात दर्ज करें।

  • नूडल्स पकाते समय फ्रोजन मिली-जुली सब्ज़ियाँ डालें
  • टोफू, पका हुआ चिकन या एक अंडा मिलाएँ
  • जितना मसाला पसंद हो, उतना ही इस्तेमाल करें
  • नूडल्स की छोटी मात्रा के साथ ज़्यादा सब्ज़ियाँ और प्रोटीन परोसें

तो, क्या रेमेन डाइट के लिए अच्छा खाना है?

रेमेन डाइट में शामिल हो सकता है, लेकिन इसका कोई एक तय पोषण प्रोफ़ाइल नहीं है। नूडल्स की सही मात्रा, प्रोटीन का स्रोत और भरपूर सब्ज़ियों वाला बाउल, सिर्फ नूडल्स, ज़्यादा वसा वाली टॉपिंग और गाढ़े शोरबे वाले बाउल की तुलना में आपके लक्ष्यों में आसानी से फिट हो सकता है। आपके लिए सही मात्रा आपकी भूख, लक्ष्यों और दिन में खाई गई बाकी चीज़ों पर निर्भर करती है।

रेस्तरां के रेमेन का हिसाब रखते समय मान लें कि दर्ज की गई मात्रा आम तौर पर एक अनुमान होगी और सबसे मिलता-जुलता उचित विकल्प चुनें। घर पर रेमेन बनाते समय मुख्य सामग्री को तौलने या नापने से आपको साफ़ अंदाज़ा मिल सकता है; हर जड़ी-बूटी या सजावट का बिल्कुल सटीक हिसाब रखना ज़रूरी नहीं। रेमेन को पूरी तरह मना या अपने आप सेहतमंद मानने के बजाय नियमित और समझदारी से हिसाब रखना ज़्यादा उपयोगी है।

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