पोषण संबंधी जानकारी
प्रति 100 g% दैनिक मान- कैलोरी 417 kcal —
- प्रोटीन 8 g 16%
- कार्बोहाइड्रेट 88 g 32%
- वसा 2.8 g 4%
- संतृप्त वसा 0.4 g 2%
- फ़ाइबर 3.2 g 11%
- शर्करा 1.3 g —
- सोडियम 1 mg 0%
- कोलेस्ट्रॉल 0 mg 0%
विटामिन और खनिज
प्रति 100 g% दैनिक मानविटामिन
- विटामिन A 16.2 µg 2%
- विटामिन C 0 mg 0%
- विटामिन D 0 µg 0%
- विटामिन E 1.1 mg 7%
- विटामिन K 0 µg 0%
- थायमिन (B1) 0.33 mg 28%
- राइबोफ़्लेविन (B2) 0.11 mg 8%
- नायसिन (B3) 5.7 mg 36%
- विटामिन B6 0.33 mg 19%
- फ़ोलेट (B9) 20 µg 5%
- विटामिन B12 0 µg 0%
- कोलीन 8.6 mg 2%
खनिज
- कैल्शियम 6 mg 0%
- आयरन 1.1 mg 6%
- मैग्नीशियम 47 mg 11%
- फ़ॉस्फ़ोरस 99 mg 8%
- पोटैशियम 120 mg 3%
- ज़िंक 0.5 mg 5%
- सेलेनियम 3.2 µg 6%
- आयोडीन 0.6 µg 0%
परोसने की मात्रा के अनुसार कैलोरी
| परोसने की मात्रा | वज़न | कैलोरी | प्रोटीन | कार्ब्स | वसा |
|---|---|---|---|---|---|
| 100 g | 100 g | 417 | 8 g | 88 g | 2.8 g |
| 50 g | 50 g | 208 | 4 g | 44 g | 1.4 g |
| 150 g | 150 g | 625 | 12 g | 132 g | 4.2 g |
| 200 g | 200 g | 833 | 16 g | 177 g | 5.6 g |
| 250 g | 250 g | 1042 | 20 g | 221 g | 7 g |
मक्के का आटा के बारे में सवाल
मक्के के आटे और मकई के स्टार्च में क्या फर्क है?
मक्के का आटा पिसे हुए मक्के के दानों से बनता है, इसलिए उसमें कुछ प्रोटीन और रेशा रहता है। मकई का स्टार्च लगभग सिर्फ स्टार्च होता है और सूप या ग्रेवी गाढ़ी करने के लिए इस्तेमाल होता है; दोनों एक-दूसरे की जगह सीधे नहीं चलते।
मक्के के आटे से रोटी कैसे बनाएं?
आटे में गरम पानी थोड़ा-थोड़ा डालकर चम्मच से मिलाएं, फिर हाथ से नरम आटा गूँधें। लोई को दो प्लास्टिक शीट या गीले हाथों के बीच थपथपाकर बेलें और गरम तवे पर दोनों तरफ सेंकें; चाहें तो आखिर में सीधे आँच पर फुलाएं।
मक्के के आटे का दलिया कैसे पकाएं?
एक भाग आटे में चार-पाँच भाग पानी या दूध धीरे-धीरे डालते हुए फेंटें, ताकि गुठलियाँ न पड़ें। धीमी आँच पर लगातार चलाकर लगभग 10–15 मिनट पकाएं, जब तक दलिया गाढ़ा और कच्चे आटे की गंध से मुक्त न हो जाए।
मक्के के आटे से कौन-से पकवान बनते हैं?
इससे मक्के की रोटी, दलिया और कॉर्नब्रेड बनते हैं; कुछ जगह इसे टॉर्टिला और पोलेंटा में भी इस्तेमाल करते हैं। सरसों का साग मक्के की रोटी के साथ एक जाना-पहचाना मेल है।
मक्के के आटे की जगह क्या इस्तेमाल कर सकते हैं?
रोटी के लिए बाजरे या ज्वार का आटा आज़माएं, लेकिन पानी की मात्रा और बेलने का तरीका बदल सकता है। केक या कॉर्नब्रेड में गेहूँ का आटा बनावट को ज्यादा गूँथने योग्य बनाता है; मकई का स्टार्च अच्छा विकल्प नहीं, क्योंकि उसमें आटे जैसा प्रोटीन और रेशा नहीं होता।
मक्के का आटा कैसे रखें ताकि उसमें कीड़े या नमी न लगे?
आटे को सूखे, साफ, ढक्कन वाले डिब्बे में रखें और चूल्हे की भाप तथा धूप से दूर रखें। अगर घर गर्म या नम हो, तो बंद डिब्बे को फ्रिज में रखने से आटा जल्दी बासी होने से बचता है।
क्या मक्के का आटा कच्चा खा सकते हैं?
कच्चा आटा चखने के बजाय उसे पकाकर खाएं; आटे में अनचाहे सूक्ष्मजीव हो सकते हैं और पकाने से कच्चेपन की गंध भी चली जाती है। दलिया या रोटी को तब तक पकाएं जब तक अंदर तक गरम और पूरी तरह पका न हो।
क्या मक्के का आटा ग्लूटेन-मुक्त होता है?
मक्का स्वाभाविक रूप से ग्लूटेन-मुक्त अनाज है, इसलिए शुद्ध मक्के के आटे में गेहूँ जैसा ग्लूटेन नहीं होता। पिसाई या पैकिंग के दौरान दूसरे अनाज मिल सकते हैं, इसलिए सख्त परहेज़ की ज़रूरत हो तो पैकेट पर ग्लूटेन-मुक्त होने की जानकारी देखें।
स्रोत: Frida (Denmark) 1297 · प्रति 100 g · EU लेबल के अनुसार कार्बोहाइड्रेट, फ़ाइबर को छोड़कर